नीमच के जाजू कन्या महाविद्यालय में ‘जन सुरक्षा युवा सृजन संवाद’ आयोजित: छात्राओं को साइबर सुरक्षा की दी जानकारी

महिला सुरक्षा और कानूनी अधिकारों पर चर्चा
पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास के निर्देशन में आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं में विधिक जागरूकता बढ़ाना, उन्हें सुरक्षा के प्रति सजग बनाना और आपात परिस्थितियों में पुलिस एवं न्याय व्यवस्था तक पहुंचने की प्रक्रिया समझाना रहा।
इस दौरान एएसपी हेमलता अग्रवाल ने महिला उत्पीड़न, छेड़छाड़, पीछा करने, साइबर स्टॉकिंग, सोशल मीडिया पर अभद्र संदेश भेजने, फर्जी प्रोफाइल बनाने और निजी फोटो-वीडियो के दुरुपयोग जैसे अपराधों के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए कानून में विभिन्न प्रावधान किए गए हैं। किसी भी तरह की हिंसा या उत्पीड़न की स्थिति में छात्राओं को भय और संकोच छोड़कर पुलिस के पास शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
साइबर ठगी होने पर 1930 पर करें शिकायत
एएसपी ने छात्राओं को इंटरनेट और सोशल मीडिया का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी होने पर बिना देरी किए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या आधिकारिक वेबसाइट www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।
उन्होंने समझाया कि समय पर सूचना देने से ठगी की गई राशि को रोकने की संभावना बढ़ सकती है। साथ ही डिजिटल माध्यमों का उपयोग जिम्मेदारी से करने और अपनी निजी जानकारी सुरक्षित रखने पर जोर दिया।
आपात स्थिति में डायल 112 की जानकारी
कार्यक्रम में छात्राओं को आपातकालीन परिस्थितियों में डायल 112 की सहायता लेने तथा पुलिस की महिला सुरक्षा सेवाओं के माध्यम से शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया भी समझाई गई।
एएसपी ने कहा कि साइबर अपराध का शिकार होने पर शर्म या डर के कारण शिकायत करने में देरी नहीं करनी चाहिए। डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित रखना और पुलिस को सही जानकारी देना भी महत्वपूर्ण है।
कार्यक्रम में उप पुलिस अधीक्षक महिला सुरक्षा पार्वती गोड़, महाविद्यालय की प्राचार्य प्रतिभा कालानी सहित कॉलेज स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं। इस संवाद के माध्यम से छात्राओं को कानून, सुरक्षा और साइबर जागरूकता के प्रति सजग रहने का संदेश दिया गया।