नीमच में प्रमुख पेंशनर्स एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री को सौंपा 12 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन: समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी

एसोसिएशन का कहना है कि पूर्व में ज्ञापन देने और बैठकों के बावजूद पेंशनरों की प्रमुख समस्याओं का पूर्ण निराकरण नहीं हो पाया है। संगठन ने मांगों पर शासन स्तर पर चर्चा कर समाधान निकालने का आग्रह किया है। साथ ही चेतावनी दी है कि मांगों का जल्द निराकरण नहीं होने पर पेंशनरों को आंदोलन और संघर्ष का रास्ता अपनाना पड़ सकता है।
महंगाई राहत और एरियर भुगतान की मांग
ज्ञापन में जुलाई 2019 से केंद्रीय तिथि के अनुसार महंगाई राहत का नियमित भुगतान करने की मांग की गई है। इसके साथ ही जुलाई 2019 से दिसंबर 2025 तक के 90 माह के एरियर, जुलाई 2025 के 3 प्रतिशत एरियर, जनवरी 2026 की 2 प्रतिशत राहत राशि और जुलाई 2026 से 3 प्रतिशत राहत के भुगतान की मांग रखी गई है।
एसोसिएशन ने छठे वेतन आयोग के तहत 1 जनवरी 2006 से 31 अगस्त 2008 तक के 32 माह के एरियर का भुगतान 6 प्रतिशत ब्याज सहित करने की मांग भी की है। इसके अलावा 1 जनवरी 2016 से पहले सेवानिवृत्त हुए पेंशनरों का काल्पनिक वेतन निर्धारण कर 1 जनवरी 2016 से 31 मार्च 2018 तक के 27 माह के एरियर का भुगतान करने की मांग उठाई गई है।
निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा और पेंशन कार्यालय बनाए रखने की मांग
एसोसिएशन ने शासकीय कर्मचारियों एवं पेंशनरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य और उपचार की व्यवस्था करने की मांग की है। पेंशन प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के लिए जिला एवं संभागीय स्तर पर पेंशन कार्यालयों को पूर्ववत बनाए रखने की मांग भी ज्ञापन में शामिल है।
आयु के आधार पर अतिरिक्त पेंशन देने का प्रस्ताव
एसोसिएशन ने हिमाचल प्रदेश सरकार की तर्ज पर आयु के आधार पर अतिरिक्त पेंशन देने की मांग की है। प्रस्ताव के अनुसार, 65 वर्ष की आयु पर 5 प्रतिशत, 70 वर्ष पर 10 प्रतिशत, 75 वर्ष पर 15 प्रतिशत और 80 वर्ष पर 20 प्रतिशत अतिरिक्त पेंशन दी जाए।
इसके साथ ही विद्युत मंडल के पेंशनरों को पेंशन की गारंटी देने और जिला कोषालय के माध्यम से पेंशन भुगतान की व्यवस्था करने की मांग रखी गई है।
समयमान वेतनमान और कम्यूटेशन अवधि घटाने की मांग
ज्ञापन में वर्ष 2016 से सेवानिवृत्त उन कर्मचारियों को चतुर्थ समयमान वेतनमान का लाभ देने की मांग की गई है, जिनकी सेवा अवधि 35 वर्ष पूरी हो चुकी है। एसोसिएशन ने पेंशन सारांशीकरण यानी कम्यूटेशन की अवधि 15 वर्ष से घटाकर 11 वर्ष 9 माह करने की मांग भी उठाई है।
इसके अलावा शिक्षकों को उनकी पात्रता के अनुसार अर्जित अवकाश का नकदीकरण देने की मांग की गई है।
पेंशनर्स कल्याण मंडल और पुरानी पेंशन योजना की बहाली
एसोसिएशन ने पेंशनर्स कल्याण मंडल, पेंशनर्स फोरम और वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण अधिनियम के तहत समितियों का गठन करने तथा उनकी नियमित बैठकें आयोजित करने की मांग की है।
ज्ञापन में राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) और एकीकृत पेंशन योजना (UPS) को समाप्त कर पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाल करने की मांग भी शामिल है।
चर्चा के लिए तैयार संगठन, समाधान नहीं होने पर संघर्ष
प्रमुख पेंशनर्स एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि यदि शासन पेंशनरों की समस्याओं के समाधान के लिए चर्चा करना चाहता है, तो संगठन इसके लिए तैयार है। एसोसिएशन ने शासन से बैठक की तिथि और समय निर्धारित कर सूचना देने का आग्रह किया है।
संगठन ने कहा कि पेंशनरों की मांगों पर शीघ्र निर्णय लिया जाना चाहिए। यदि समस्याओं का समाधान नहीं होता है, तो आगे आंदोलन और संघर्ष की रणनीति अपनाई जा सकती है।