नीमच में किसानों, लोकतंत्र और जनहित के मुद्दों पर गरमाई राजनीति: कांग्रेस ने उठाईं पांच प्रमुख मांगें

अफीम नीति 2026-27 में राहत देने की मांग
कांग्रेस ने अफीम नीति 2026-27 को लेकर किसानों की समस्याओं का मुद्दा उठाया। प्रदर्शन में अफीम की उचित कीमत, खेती के लिए पर्याप्त रकबा और बेहतर मार्फिन उत्पादन करने वाले किसानों को प्रोत्साहन देने की मांग रखी गई।
किसानों से जुड़ी प्रमुख मांगों में निम्न बिंदु शामिल रहे:
मार्फिन सीमा: बेहतर मार्फिन उत्पादन करने वाले किसानों के लिए नई सीमा वैज्ञानिक और क्षेत्रीय क्षमता के अनुसार तय की जाए।
पट्टे का दायरा बढ़े: लाइसेंस क्षेत्र 5 आरी से बढ़ाकर न्यूनतम 10 आरी करने की मांग रखी गई।
उचित खरीद मूल्य: अफीम की खरीद दर बढ़ाकर 15,000 रुपये प्रति किलोग्राम और उच्च गुणवत्ता वाली अफीम के लिए 1,500 रुपये प्रति किलोग्राम तक की दर की मांग का उल्लेख किया गया है।
पारंपरिक खेती को संरक्षण: लूणी-चीरी पद्धति से जुड़े किसानों की समस्याओं पर ध्यान देने की मांग उठाई गई।
बीमा योजना: अफीम की फसल को बीमा योजना में शामिल करने की मांग की गई।
बिजली संकट और किसानों की परेशानी
प्रदर्शन में बिजली आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं का मुद्दा भी उठाया गया। किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराने और अनियमित आपूर्ति से होने वाली परेशानी दूर करने की मांग की गई।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि खेती की लागत और मौसम की चुनौतियों के बीच बिजली की उपलब्धता किसानों के लिए महत्वपूर्ण है। इस विषय पर संबंधित विभाग से समाधान की अपेक्षा जताई गई।
लोकतंत्र और जनहित के मुद्दे भी उठाए
समाचार रिपोर्ट के अनुसार, प्रदर्शन में किसानों के साथ लोकतंत्र और जनहित से जुड़े मुद्दों को भी शामिल किया गया। कांग्रेस नेताओं ने सरकार से मांगों पर विचार कर किसानों को राहत देने और स्थानीय समस्याओं के समाधान के लिए कदम उठाने का आग्रह किया।
प्रशासन से समाधान की अपेक्षा
प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस ने किसानों की समस्याओं और क्षेत्रीय मुद्दों को प्रशासन तक पहुंचाने का प्रयास किया। अब संबंधित मांगों पर सरकार और प्रशासन की प्रतिक्रिया तथा आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।